ब्राजील के रियो डी जेनेरो में पुलिस कार्रवाई के दौरान 200 से अधिक पर्यटक एक पहाड़ी ट्रेल पर फंस गए। गैंग के खिलाफ ऑपरेशन के दौरान गोलियां चलने से दहशत फैल गई, हालांकि बाद में सभी को सुरक्षित निकाला गया।
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नई दिल्ली। ब्राजील के रियो डी जेनेरो में एक पुलिस कार्रवाई के दौरान 200 से ज्यादा पर्यटक एक पहाड़ी ट्रेल पर फंस गए। यह घटना तब हुई जब पुलिस ने गैंग के संदिग्ध सदस्यों के खिलाफ ऑपरेशन शुरू किया और नीचे इलाके में गोलियां चलने लगीं।
पर्यटक सुबह-सुबह सूर्योदय देखने के लिए मोर्रो डोइस इरमाओस नाम की पहाड़ी पर पहुंचे थे, जो इपानेमा बीच के ऊपर स्थित एक मशहूर व्यू प्वाइंट है। उसी समय नीचे स्थित विदिगाल फेवेला में पुलिस ने छापेमारी शुरू कर दी। यह कार्रवाई बाहिया और रियो डी जेनेरो की सिविल पुलिस की टीमों ने मिलकर की, जिसमें कोमांडो वर्मेल्हो नाम के आपराधिक गिरोह के सदस्यों को पकड़ने की कोशिश की जा रही थी।
गोलियों की आवाज से दहशत
फायरिंग शुरू होते ही ट्रेल पर मौजूद गाइड्स ने सभी पर्यटकों को वहीं रुकने और नीचे न उतरने की सलाह दी। सुरक्षा के लिहाज से सभी को जमीन पर बैठने और शांत रहने को कहा गया। एक वीडियो में देखा गया कि दर्जनों लोग पहाड़ी पर बैठे हुए हैं, जबकि ऊपर हेलीकॉप्टर मंडरा रहा है और दूर से गोलियों की आवाज सुनाई दे रही है।
पुर्तगाल की एक पर्यटक मटिल्डा ओलिवेइरो ने बताया कि वे सूर्योदय का इंतजार कर रहे थे, तभी अचानक गाइड ने बैठने को कहा और गोलियों की आवाज आने लगी। उन्होंने कहा कि स्थिति डरावनी थी, लेकिन जितना संभव था, नियंत्रण में रखी गई।
सड़कें भी की गईं बंद
रिपोर्ट के अनुसार, ऑपरेशन के दौरान संदिग्धों ने एक बस और कचरे के डिब्बों की मदद से पास की सड़क को भी बंद कर दिया, जिससे इलाके में आने-जाने का रास्ता रुक गया। बाद में पुलिस ने स्थिति को काबू में कर लिया और कुछ समय बाद सभी पर्यटकों को सुरक्षित तरीके से नीचे उतारा गया।
यह ऑपरेशन ‘दुआस रोजास II’ नाम से चलाया गया था, जिसमें कम से कम एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया। बताया गया कि गिरफ्तार व्यक्ति गैंग के एक वित्तीय नेटवर्क से जुड़ा हुआ था।
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