धीरेन्द्र नाथ शुक्ला ब्यूरो चीफ सिद्धार्थ नगर उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले में सीमा पार से होने वाली अवैध तस्करी और संदिग्ध गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में लोटन थाना पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। भारत-नेपाल सीमा (Indo-Nepal Border) पर गश्त के दौरान पुलिस टीम ने 12 बोरी अवैध इलेक्ट्रॉनिक स्क्रैप (Electronic Scrap) बरामद किया है, जिसे चोरी-छिपे नेपाल ले जाने की तैयारी थी।
पुलिस अधीक्षक (SP) सिद्धार्थनगर के निर्देशों, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी सदर विश्वजीत सौरयान के पर्यवेक्षण में यह पूरी कार्रवाई लोटन थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह के नेतृत्व में अंजाम दी गई।
नेपाल जाने वाली पगडंडी पर हुआ भंडाफोड़
25 सितंबर 2026 को हरिवंशपुर चौकी प्रभारी उप-निरीक्षक (SI) रमेश कुमार यादव अपने हमराहियों के साथ सीमावर्ती इलाकों में रूटीन गश्त पर निकले थे। इसी दौरान ग्राम करमैनी से नेपाल राष्ट्र की तरफ जाने वाली कच्चे रास्ते (पगडंडी) पर पुलिस को कुछ संदिग्ध गतिविधियां दिखाई दीं।
कुछ लोग बोरियों में सामान भरकर सीमा पार कराने की फिराक में थे। जब पुलिस बल को आगे बढ़ते देखा, तो तस्करों से जवाब देते नहीं बना। पुलिस ने मौके से तुरंत 12 बोरी भरा हुआ इलेक्ट्रॉनिक स्क्रैप अपने कब्जे में ले लिया।
अग्रिम कार्रवाई के लिए कस्टम विभाग को सौंपा
बरामद किए गए इलेक्ट्रॉनिक स्क्रैप के संबंध में मौके पर मौजूद लोग कोई वैध कागजात या संतोषजनक जवाब पेश नहीं कर सके। इसके बाद पुलिस टीम पूरे सामान को लेकर चौकी पहुंची।
तस्करी का मामला सामने आने के बाद लोटन पुलिस ने अग्रिम विधिक और प्रशासनिक कार्रवाई के लिए जब्त किए गए सभी 12 बोरी स्क्रैप को कस्टम कार्यालय ककरहवा के सुपुर्द कर दिया है।
कार्रवाई करने वाली जांबाज पुलिस टीम
तस्करी की इस कोशिश को नाकाम करने वाली हरिवंशपुर चौकी (थाना लोटन) की टीम में निम्नलिखित अधिकारी व जवान शामिल रहे:
- उप-निरीक्षक (SI) रमेश कुमार यादव (चौकी प्रभारी, हरिवंशपुर)
- हेड कांस्टेबल कन्हैया यादव (चौकी हरिवंशपुर)
- हेड कांस्टेबल बजरंगदास यादव (चौकी हरिवंशपुर)
- कांस्टेबल विजय यादव (चौकी हरिवंशपुर)
भारत-नेपाल सीमा से सटे इलाकों में तस्कर पगडंडियों का इस्तेमाल कर अवैध सामान सीमा पार कराने की फिराक में रहते हैं। सिद्धार्थनगर पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बॉर्डर एरिया में चौकसी बढ़ा दी गई है और किसी भी तरह की तस्करी को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

