नई दिल्ली: देश में हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर (Bullet Train Network) के विस्तार की दिशा में एक बड़ा और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। नेशनल हाई-स्पीड रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) ने दिल्ली-पटना-सिलीगुड़ी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर के लिए ग्लोबल रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (RFP) आधिकारिक तौर पर जारी कर दिया है।
इस प्रोजेक्ट के धरातल पर उतरते ही दिल्ली से बिहार की राजधानी पटना और पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी की यात्रा का समय नाटकीय रूप से घट जाएगा।
सफर में बचेगा घंटों का समय
वर्तमान में दिल्ली से पटना की ट्रेन यात्रा में आमतौर पर 12 से 17 घंटे तक का समय लगता है। हालांकि, बुलेट ट्रेन के परिचालन के बाद यह दूरी महज 4 घंटे में पूरी की जा सकेगी। वहीं, पटना से सिलीगुड़ी की यात्रा तय करने में यात्रियों को सिर्फ 2 घंटे का समय लगेगा। इससे न केवल यात्रियों के समय की बचत होगी, बल्कि अंतरराज्यीय व्यापार और पर्यटन को भी जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा।

ग्लोबल कंपनियों को आमंत्रण (Global RFP Issued)
NHSRCL की ओर से जारी ग्लोबल RFP के तहत अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर की प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों से तकनीकी और वित्तीय बोलियां (Bids) मांगी गई हैं। इसके अंतर्गत रेल ट्रैक बिछाने, एडवांस सिग्नलिंग सिस्टम, स्टेशन निर्माण और फिजिबिलिटी सर्वे से जुड़े कार्यों की प्रक्रिया तेज की जाएगी।

पूर्वोत्तर और बिहार के विकास को नई रफ्तार
विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली-पटना-सिलीगुड़ी रूट देश के सबसे व्यस्ततम रेल मार्गों में से एक है। इस रूट पर बुलेट ट्रेन सेवा शुरू होने से बिहार, पश्चिम बंगाल और उत्तर-पूर्वी राज्यों के बीच कनेक्टिविटी का एक नया दौर शुरू होगा। रेल मंत्रालय की यह पहल क्षेत्रीय विकास और रोजगार के नए अवसरों को जन्म देने में मददगार साबित होगी।

